Chhattisgarh pragatisari karmchari Sangh

रायपुर : छत्तीसगढ़ प्रगतिशील अनियमित कर्मचारी फेडरेशन छत्तीसगढ़ प्रदेश के शासकीय कार्यालयों/विभाग/संस्थाओं में कार्यरत अनियमित कर्मचारियों नियमितीकरण, निकाले गए कर्मचारियों की बहाली, न्यून मानदेय कर्मचारियों को न्यूनतम वेतन दिए जाने, अंशकालीन कर्मचारियों को पूर्णकालीन करने, आउट सोर्सिंग/ठेका/सेवा प्रदाता/समूह-समिति के माध्यम से नियोजन सिस्टम बंद करते हुए इन कर्मचारियों के नियमितीकरण/स्थायीकरण करने की वषों से लंबित एवं न्यायोचित माँगों को शीघ्र पूर्ण करने, 10 सूत्रीय मांगों पर सरकार का ध्यान आकृष्ठ करने 20 जुलाई 2024 शनिवार को तुता (निमोरा) नवा रायपुर में ध्यानाकर्षण रैली करेगा|

 

उल्लेखनीय है कि प्रदेश के शासकीय कार्यालयों में अनियमित कर्मचारी जैसे-आउटसोर्सिंग (प्लेसमेंट), सेवा प्रदाता, ठेका, समूह/समिति के माध्यम से नियोजन, जॉबदर, संविदा, दैनिक वेतनभोगी, कलेक्टर दर, श्रमायुक्त दर पर कार्यरत श्रमिक, मानदेय, अशंकालिक के रूप विगत 05 वर्ष से लेकर 25-30 साल से किसी न किसी प्रकार से शासन की जनहितकारी योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका में सतत् रूप से कार्यरत हैं किन्तु विडम्बना ही है आज तक “अनियमित कर्मचारी” जैसे शब्दों से तिरस्कृत होकर प्रदेश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। माननीय न्यायालय से “सामान कार्य-समान वेतन” के निर्देश के बावजूद ये नियमित कर्मचारी से आधे से भी कम वेतन और सुविधा व लाभ लिए बिना कार्य करने को विवश हैं। वर्तमान में इनकी स्थिति मध्यकालीन बन्धुआ मजदूर से भी बदतर है। पारिवारिक जिम्मेदारी, आर्थिक असुरक्षा, बेरोजगारी, प्रशासनिक दबाव के कारण अपने विरुद्ध हो रहे अन्याय को सहने मजबूर हैं।

 

प्रेम प्रकाश गजेन्द्र, कार्यकारी

Related Articles

Back to top button